भिंड। मध्यप्रदेश में खाद की किल्लत और किसानों पर पुलिस की बर्बरता का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा। रीवा में किसानों पर लाठीचार्ज की घटना के बाद अब भिंड जिले के लहार में खाद लेने पहुंचे किसानों पर पुलिस ने लाठियां बरसा दीं। सुबह से भूखे-प्यासे लाइन में लगे किसानों को पीटा गया, जिससे कई किसान घायल हो गए।
सुबह से लाइन में लगे थे किसान
जानकारी के मुताबिक, लहार स्थित सहकारी समिति पर किसान सुबह 5 बजे से खाद लेने के लिए लाइन में खड़े थे। दोपहर तक व्यवस्था बिगड़ गई और अव्यवस्था को संभालने के लिए पुलिस को बुलाया गया। पुलिस ने किसानों को जमीन पर बैठने का आदेश दिया, जिसका किसानों ने विरोध किया।
प्रधान आरक्षक ने किया लाठीचार्ज
विरोध देख प्रधान आरक्षक रामराज सिंह गुर्जर तैश में आ गए और किसानों पर लाठियां बरसानी शुरू कर दीं। समिति परिसर में अफरातफरी मच गई। कई किसानों की पीठ, हाथ और शरीर के अन्य हिस्सों पर गंभीर चोटें आईं।
विधायक ने जताई नाराजगी
घटना की सूचना मिलने पर लहार विधायक अंबरीश शर्मा ने प्रशासन और पुलिस अधिकारियों से बात की। उन्होंने इस घटना को किसानों का अपमान बताते हुए कहा कि दोषी पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई होनी चाहिए।
एसपी ने की कार्रवाई, प्रधान आरक्षक लाइन अटैच
भिंड एसपी असित यादव ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच कराई। उन्होंने लाठीचार्ज करने वाले प्रधान आरक्षक रामराज सिंह गुर्जर को लाइन अटैच करने का आदेश दिया।
रीवा के बाद दोबारा दोहराई गई घटना
गौरतलब है कि 6 सितंबर को रीवा में खाद वितरण को लेकर किसानों पर पुलिस ने लाठीचार्ज किया था, जिसके बाद सीएम मोहन यादव ने नाराजगी जताई थी और कलेक्टर को फटकार लगाई थी। बावजूद इसके सोमवार को लहार में फिर किसानों पर लाठीचार्ज की घटना सामने आई।




0 टिप्पणियाँ